राष्ट्रीय नेतृत्व से लेकर स्थानीय इकाइयों तक, स्पष्ट जिम्मेदारियों और लोकतांत्रिक सहभागिता पर आधारित संगठनात्मक व्यवस्था।
राज्य, जिला और ब्लॉक स्तर की समितियां संविधान, सामाजिक न्याय और जनसेवा के उद्देश्यों को प्रभावी रूप से आगे बढ़ाती हैं।
प्रत्येक पदाधिकारी पारदर्शिता, समन्वय और उत्तरदायित्व के साथ सदस्यों तथा समुदायों के हित में कार्य करता है।